📅 Friday, 12 June 2026  |  ⏰ 7:57 pm
ब्रेकिंग
◆ क्या आप 2 लाख रुपये से अधिक मूल्य की घरेलू चीज़ें नकद में बेच सकते हैं? जानिए टैक्स कानून की हकीकत ◆ GIGABYTE ने COMPUTEX 2026 में दी 40 साल की झलक – AI, गेमिंग और डिज़ाइन में नया रिकॉर्ड कैसे बनाया? ◆ Naveen Kukreja ने किया 9 मिलियन डॉलर की फंड रेज़िंग का इशारा – नई wealthtech स्टार्टअप में क्या होगा गड़बड़? ◆ Mobavenue की नई AI पावर PiiX से Apple Search Ads में 3 गुना ROI कैसे पाएं? ◆ वीक्टोरियन युग के इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट से नया ETF बनाने का सुनहा मौका – जानें कैसे कमाए 2026 में लाखों ◆ रॉटरडैम में तेल भंडारण धोखाधड़ी से ट्रेडर्स को करोड़ों का नुकसान! तुरंत बचाव के 5 उपाय
LIVE
हिंदी में हिंदी के लिए N.E.W.S
  • उपकरण
  • वायरल और ट्रेंडिंग समाचार
  • टेक्नॉलजी समाचार
  • व्यक्तिगत वित्त
  • एआई टूल्स और तकनीक
  • स्थानीय समाचार
  • साइबर सुरक्षा

Enter दबाकर खोजें

हिंदी में हिंदी के लिए
  • उपकरण
  • वायरल और ट्रेंडिंग समाचार
  • टेक्नॉलजी समाचार
  • व्यक्तिगत वित्त
  • एआई टूल्स और तकनीक
  • स्थानीय समाचार
  • साइबर सुरक्षा
  1. होम
  2. ›
  3. व्यक्तिगत वित्त
  4. ›
  5. क्या आप 2 लाख रुपये से अधिक मूल्य की घरेलू चीज़ें नकद में बेच सकते हैं? जानिए टैक्स कानून की हकीकत
क्या आप 2 लाख रुपये से अधिक मूल्य की घरेलू चीज़ें नकद में बेच सकते हैं? जानिए टैक्स कानून की हकीकत
व्यक्तिगत वित्त

क्या आप 2 लाख रुपये से अधिक मूल्य की घरेलू चीज़ें नकद में बेच सकते हैं? जानिए टैक्स कानून की हकीकत

Ikshita Sharma Ikshita Sharma • 12 June 2026, 7:04 pm • 🕐 15 मिनट • 👁 0
शेयर
कॉपी!

क्या आप 2 लाख रुपये से अधिक मूल्य की घरेलू चीज़ें नकद में बेच सकते हैं? जानिए टैक्स कानून की हकीकत

आपने शायद सभी जगह खबरें देखी हों – “घर की चीज़ें 2 लाख रुपये से ऊपर बेचने पर नकद नहीं ले सकते” – इस हेडलाइन ने कई लोगों को चौंका दिया। क्या यह सच है? क्या हमें अपने फर्नीचर, इलेक्ट्रॉनिक्स या अन्य घरेलू सामान बैंक ट्रांसफ़र के अलावा नकद में नहीं बेच सकते? इस लेख में हम आयकर अधिनियम 1961 के प्रावधानों को आसान भाषा में तोड़‑मरोड़ कर समझेंगे, साथ ही व्यावहारिक टिप्स, बचाव के रास्ते और सामान्य सवालों के जवाब भी देंगे। पढ़िए और जानिए कि टैक्स नियम आपके दैनिक जीवन को कैसे प्रभावित कर रहे हैं।

1. 2 लाख की सीमा का स्रोत – रियल एस्टेट या सामान?

सबसे पहले यह स्पष्ट कर लें: “2 लाख रुपये” की सीमा आयकर कानून में “रियल एस्टेट” लेन‑देन पर लागू होती है, ना कि सामान्य वस्तुओं पर. आयकर अधिनियम की धारा 40‑A (अब धारा 43‑B) में कहा गया है कि अगर कोई व्यक्ति रियल एस्टेट (जैसे जमीन, मकान, फ्लैट) का लेन‑देन 2 लाख रुपये या उससे अधिक का कर रहा है, तो वह लेन‑देन नकद में नहीं होना चाहिए। यह सीमा 2 लाख रुपये से अधिक मूल्य के घरेलू सामान पर नहीं लगती।

  • फ़र्नीचर, साइलिंग, टीवी, रेफ़्रिजरेटर आदि – इन पर 2 लाख की सीमा नहीं है।
  • रियल एस्टेट में किसी भी तरह की सम्पत्ति (भूमि, बिल्डिंग, प्लॉट) शामिल है।
  • यदि आप 2 लाख से ऊपर के सामान को नकद में बेचते हैं तो आपको टैक्शन रिपोर्ट (TR) बनाना पड़ता है, पर यह केवल बड़े लेन‑देन (जैसे 5 लाख या अधिक) के लिए है, न कि 2 लाख के लिए।

2. जब आप 2 लाख से ऊपर के सामान बेचते हैं, तो क्या होता है?

आइए इसको दो परिप्रेक्ष्य से देखें – आयकर की दृष्टि से और रिपोर्टिंग की दृष्टि से।

आयकर की दृष्टि

यदि आप अपना फर्नीचर, इलेक्ट्रॉनिक सामान आदि बेचते हैं, तो वह कैपिटल गेन या बिज़नेस इनकम के रूप में टैक्सेबल हो सकता है, यह इस बात पर निर्भर करता है कि आपने वह सामान कितना समय पहले खरीदा था और आपका व्यवसाय क्या है।

  • यदि यह आपका व्यक्तिगत उपयोग का सामान है, तो आमतौर पर इस पर कोई कर नहीं लगता, जब तक कि आप इसे “बिज़नेस” स्तर पर नहीं बेच रहे हों।
  • यदि आप नियमित रूप से सामान बेचते हैं (उदाहरण: ऑनलाइन मार्केटप्लेस पर री‑सेल), तो इसे व्यापारिक आय माना जाएगा और आयकर रिटर्न में दर्शाना पड़ेगा।

रिपोर्टिंग की दृष्टि

स्थापित नियमों के अनुसार, रिन्यूअबल इस्टिमेट टेम्प्लेट (RIT) के तहत, 5 लाख रुपये या उससे अधिक के नकदी लेन‑देन को बैंक को रिपोर्ट करना अनिवार्य है (वित्तीय अपराधों को रोकने के लिए)। इसलिए यदि आप 2 लाख से ऊपर का सामान नकद में बेच रहे हैं, तो:

  • यदि लेन‑देन 5 लाख रुपये या उससे अधिक है तो आपको ट्रांज़ैक्शन रिपोर्ट (TR) बनानी होगी।
  • 5 लाख से कम लेकिन 2 लाख से अधिक के लेन‑देन पर कोई विशेष रिपोर्टिंग बाध्यता नहीं, लेकिन अगर वह लेन‑देन “व्यवसायिक” है तो आपके खाता विवरण में यह दर्शाना चाहिए।

3. व्यावहारिक टिप्स – 2 लाख+ के सामान को कैसे बेचें?

जब आप बड़े मूल्य की घरेलू चीज़ें बेचने जा रहे हों, तो नीचे दिए गए कदम अपनाएँ। इससे आप कानूनी जोखिम कम कर पाएँगे और खरीदार‑बेचने वाले दोनों के लिए लेन‑देन सहज रहेगा।

  • लेन‑देन का लेखा‑जखा रखिए – बिचौलियों के बिना सीधे भुगतान के लिए रसीद रखें। रसीद पर विक्रेता/खरीदार का नाम, पता, आयकर पहचान संख्या (PAN), वस्तु का विवरण और मूल्य लिखें।
  • बैंक ट्रांसफ़र या UPI पेमेंट का प्रयोग करें – 2 लाख‑5 लाख के बीच नकद लेन‑देन संभव है, पर बैंक ट्रांसफ़र से आप दोनों की सुरक्षा बढ़ती है और भविष्य में किसी भी जांच में सबूत के रूप में काम आएगा।
  • यदि नकद में लेन‑देन हो रहा है तो 5 लाख से ऊपर के लिए TR फॉर्म भरें – यह एक साधारण ऑनलाइन फॉर्म है, जो आपके बैंक द्वारा प्रदान किया जाता है।
  • विक्रय मूल्य का सही आकलन करें – सामान्य बाजार मूल्य (NCP) के आधार पर कीमत तय करें; यदि आप कीमत में बहुत अधिक अंतर रखते हैं, तो आयकर रिव्यु में “शॉर्ट‑कट” के रूप में चिह्नित हो सकते हैं।
  • पैन कार्ड देना/लेना अनिवार्य नहीं है, पर उचित दस्तावेज़ीकरण बेहतर है – जब आप 2 लाख से अधिक की राशि ले रहे हों, तो विक्रेता या खरीदार के PAN पूछना दोनों पक्षों के लिये फायदेमंद रहता है।

4. “नकद में विक्रय” बनाम “बैंक ट्रांसफ़र” – कौन सा सुरक्षित?

नकद लेन‑देन की आकर्षक बात यह है कि यह तुरंत और बिना किसी तकनीकी झंझट के होता है। परन्तु, भारत में निरूपित नकद कम होने की दिशा में कई कदम उठाए जा रहे हैं, और नकद से जुड़ी जोखिमें भी बढ़ रही हैं। नीचे दोनों के फायदे‑नुक़सान दर्शाए गये हैं:

पहलू नकद लेन‑देन बैंक/UPI ट्रांसफ़र
सुरक्षा डर है की चोरी, फर्जी नोट आदि। ऑडिट ट्रेल, बैंक सुरक्षा, दो‑स्तरीय सत्यापन।
कायदे की पालना 5 लाख से ऊपर के लेन‑देन पर TR फॉर्म अनिवार्य। किसी भी सीमा पर रिपोर्टिंग नहीं, पर लेन‑देन रिकॉर्ड रहता है।
व्यवहारिकता त्वरित, किसी इंटरमीडिएट की ज़रूरत नहीं। समय लग सकता है, नेटवर्क निर्भरता।
द या‍खदारी बिना दस्तावेज़ के भविष्य में विवाद। सभी दस्तावेज़ और नॉटीफ़िकेशन मिलते हैं।

समीक्षा करने पर, **बैंक ट्रांसफ़र** या **UPI** अधिक सुरक्षित विकल्प है, खासकर बड़े लेन‑देन में। इस कारण से कई ऑनलाइन मार्केटप्लेस भी केवल डिजिटल पेमेंट को ही स्वीकार करते हैं।

5. 2 लाख से अधिक के सामान बेचने पर आयकर रिटर्न में क्या लिखना चाहिए?

आयकर रिटर्न (ITR) भरते समय, “कॅपिटल गेन” या “बिजनेस इनकम” को कैसे वर्गीकृत करें, यह समझना महत्वपूर्ण है। यहाँ दो प्रमुख मामलों को देखें:

  • व्यक्तिगत उपयोग का सामान – अगर आप अपने घर के फर्नीचर को वैरेंट या दोस्त को बेचते हैं और यह आपका “इकाई संपत्ति” नहीं है, तो इसे कॉलॅपिटल गेन नहीं माना जाता। लेकिन यदि लेन‑देन 1 कर अर्जित करने योग्य आय को पार कर जाता है, तो उसे अन्य आय के तौर पर उल्लेख करें।
  • व्यावसायिक री‑सेल – यदि आप नियमित रूप से वस्तुओं को खरीदते‑बेचते हैं (जैसे ऑनलाइन विक्रेता), तो इस आय को “बिजनेस/प्रोफ़ेशन” के रूप में दर्शाएँ। यहाँ GST का भी ध्यान रखना पड़ेगा, यदि आपका टर्न‑ओवर थ्रेशोल्ड (₹40 लाख) से अधिक है।

आयकर रिफ़ंड या टैक्स गणना में गड़बड़ी से बचने के लिये, नीचे दिया गया छोटा चेक‑लिस्ट मददगार रहेगा:

  1. लेन‑देन की रसीद/इन्वॉयस रखें।
  2. यदि 5 लाख से अधिक नकद लेन‑देन हो तो TR फ़ॉर्म तैयार रखें।
  3. सही वर्गीकरण चुनें – “कैपिटल गेन” या “बिजनेस इनकम”।
  4. यदि GST रजिस्टरेड हैं तो इन्वॉयस पर GSTIN दिखाएँ।
  5. आवश्यकता पड़े तो टैक्स प्रोफेशनल से सलाह लें।

6. “ड्रॉप ऑफ़” सेवाओं और “इकाई खरीद-फरोख्त” प्लैटफ़ॉर्म पर कैसे सुरक्षित रहें?

फ्लिपकार्ट, अ मीली, OLX, क्विकर जैसी प्लेटफ़ॉर्म पर वस्तुओं की बड़ी मात्रा में लेन‑देन होते हैं। इन प्लेटफ़ॉर्म पर “ड्रॉप ऑफ़” (सामान की डिलीवरी के बदले नकद भुगतान) का उपयोग कई लोगों को सुविधा प्रदान करता है, परन्तु कुछ कानूनी पहलू याद रखिए:

  • इन प्लेटफ़ॉर्म पर आम तौर पर कीमत का 8‑10 % “कट” या “कमीशन” ले लिया जाता है, इसलिए अंतिम बिक्री मूल्य को उसी के हिसाब से समायोजित करें।
  • ड्रॉप‑ऑफ़ के समय, डिलीवरी बॉय या एजेंट से रसीद लेनी ज़रूरी है। रसीद में वस्तु का विवरण, मूल्य, तारीख और दोनों पक्षों के नाम होने चाहिए।
  • यदि आप 5 लाख से अधिक की वस्तु ड्रॉप‑ऑफ़ के माध्यम से बेच रहे हैं, तो यह ट्रांज़ैक्शन रिपोर्ट (TR) में शामिल करना होगा – इस पर प्लेटफ़ॉर्म का सपोर्ट टीम मदद कर सकती है।
  • प्लैटफ़ॉर्म की “एंटी‑फ्रॉड” नीतियों का पालन करें – फर्जी विज्ञापन, नकली इन्भॉयस आदि से बचें।

7. सबसे आम गलतफहमी – “2 लाख की सीमा का उल्लंघन करने पर जुर्माना”

कई लोग सोचते हैं कि अगर उन्होंने 2 लाख से ऊपर का घरेलू सामान नकद में बेच दिया, तो तुरंत 200 % जुर्माना या जेल का सामना करना पड़ेगा। वास्तविकता में:

  • 2 लाख की सीमा सिर्फ रियल एस्टेट लेन‑देन पर लागू होती है। घरेलू सामान पर नहीं।
  • नकद लेन‑देन की कोई “अधिकतम सीमा” नहीं है, पर 5 लाख से ऊपर की रक्कम पर ट्रांज़ैक्शन रिपोर्ट (TR) भरना अनिवार्य है, जो दंडनीय नहीं बल्कि सूचना‑आधारित है।
  • यदि TR नहीं भरी गई और आयकर अधिकारी को पता चला, तो ₹1 लाख से ₹2 लाख तक का जुर्माना लगाया जा सकता है, पर यह “जुर्माना” नहीं “जेल” का मामला है।
  • आयकर रिटर्न में इन लेन‑देन को छुपाने की कोशिश करने पर टैक्स इवनिडेंस के तहत भारी जुर्माना (आय के 200 % तक) और मुकदमा हो सकता है। इसलिए पारदर्शिता बनाए रखें।

FAQs – अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

1. क्या मैं अपने घर का फर्नीचर 2 लाख से ऊपर नकद में बेच सकता हूँ?

हां, कर कानून में ऐसी कोई रोक नहीं है। केवल यह ध्यान रखें कि 5 लाख से अधिक नकद लेन‑देन पर ट्रांज़ैक्शन रिपोर्ट (TR) भरनी होगी।

2. अगर मैं घर की वस्तु को 2 लाख से कम में बेचूँ तो क्या रिपोर्ट करना पड़ेगा?

नहीं, 2 लाख से नीचे की नकद लेन‑देन पर कोई विशेष रिपोर्टिंग बाध्यता नहीं है। फिर भी रसीद रखना और लेन‑देन को रेकॉर्ड करना बेहतर है।

3. यदि मैं 3 लाख मूल्य का सारा सामान एक ही बार में बेचूँ, तो क्या मुझे टैक्स रिटर्न में इसे दिखाना पड़ेगा?

यदि यह व्यक्तिगत उपयोग की वस्तु है और आपने इसे लाभ के लिये नहीं बेचा, तो इसे आय के रूप में नहीं माना जाता। लेकिन यदि यह एक बार की व्यापारिक बिक्री है, तो उसे “अतिरिक्त आय” के रूप में रिटर्न में दिखाना चाहिए।

4. रियल एस्टेट को 2 लाख में नकद में बेचने पर क्या दंड है?

रियल एस्टेट में 2 लाख से अधिक नकद लेन‑देन पर सेक्शन 269स्ट या सेक्शन 269ए के तहत जुर्माना (आय के 200 % तक) या जेल (5 साल तक) हो सकता है। इसलिए जमीन/घर की बिक्री के लिए हमेशा बँक ट्रांसफ़र या चेक/डिजिटल पेमेंट का उपयोग करें।

5. क्या मुझे 5 लाख से ऊपर की नकद लेन‑देन के लिए TR फॉर्म भरने के बाद भी आयकर रिटर्न में दिखाना चाहिए?

हां, TR भरना केवल बैंक को सूचना देना है, जबकि आयकर रिटर्न में सभी आय/व्यय को सही से दिखाना अनिवार्य है। दोहरी रिपोर्टिंग से आप ऑडिट से बचेंगे।

6. अगर मेरे पास PAN नहीं है तो क्या कर सकता हूँ?

अगर आप या खरीदार PAN नहीं रखते, तो 2 लाख से ऊपर की लेन‑देन में घुसपैठ रोका नहीं जाता, परन्तु आयकर विभाग गैर‑PAN लेन‑देन की अलग निगरानी करता है। सुरक्षा के लिये दोनों पक्षों से PAN माँगना बेहतर है।

निष्कर्ष – समझदारी से बेचें, टैक्स में दिक्कत नहीं

सभी के लिए सबसे बड़ी राहत यह है कि **2 लाख रुपये की सीमा सिर्फ रियल एस्टेट पर लागू होती है**, न कि आपके लिविंग रूम के फर्नीचर या रसोई के उपकरणों पर। इसलिए, यदि आप अपने पुराने टीवी, सोफा सेट या वैँटेज़ फर्नीचर को उच्च मूल्य पर बेचने की सोच रहे हैं, तो डरने की कोई बात नहीं। बस कुछ साधारण कदमों का पालन करें:

  1. लेन‑देन का सटीक दस्तावेज़ीकरण रखें।
  2. पावती, PAN या वैध ई‑इनवॉइस तैयार रखें।
  3. 5 लाख से ऊपर के नकद लेन‑देन पर ट्रांज़ैक्शन रिपोर्ट (TR) भरें।
  4. यदि आपका व्यापारिक स्तर है तो आयकर रिटर्न में सही वर्गीकरण के साथ रिपोर्ट करें।
  5. सुरक्षा की दृष्टि से बैंक/UPI ट्रांसफ़र को प्राथमिकता दें।

इन बातों का पालन करने से न केवल आप टैक्स कानून का पालन करेंगे, बल्कि भविष्य में किसी भी ऑडिट या जांच से बचेंगे। “नकद में बेचने” का मतलब यह नहीं कि आप कानून तोड़ रहे हैं; यह सिर्फ एक भुगतान का माध्यम है, और यदि सही रूप से डॉक्यूमेंटेड हो तो बिल्कुल सुरक्षित है।

आपकी राय और अनुभव क्या है?

क्या आप हाल ही में 2 लाख से ऊपर का कोई सामान बेचा है? आपका अनुभव कैसा रहा? नीचे कमेंट बॉक्स में हमें बताइए – हम आपके सवालों का जवाब देंगे और साथ ही आगे की उपयोगी जानकारी साझा करेंगे।

अपने दोस्तों और परिवार को भी शेयर करें ताकि सबको पता चले कि “2 लाख की सीमा” की असली हकीकत क्या है।


अगर आप इस विषय पर और गहराई से जानकारी चाहते हैं या व्यक्तिगत टैक्स प्लानिंग की जरूरत है, तो हमसे संपर्क करें. हमारी टीम आपको मुफ्त प्री-कॉनसिलेशन देगी।

इसे शेयर करें:
WhatsApp पर शेयर करें Facebook पर शेयर करें X (Twitter) पर शेयर करें Telegram पर शेयर करें
Ikshita Sharma

Ikshita Sharma

इस लेखक ने अभी तक अपना परिचय नहीं दिया है।

Ikshita Sharma की सभी पोस्ट देखें →

🔗 संबंधित खबरें

Naveen Kukreja ने किया 9 मिलियन डॉलर की फंड रेज़िंग का इशारा – नई wealthtech स्टार्टअप में क्या होगा गड़बड़?
व्यक्तिगत वित्त

Naveen Kukreja ने किया 9 मिलियन डॉलर की फंड रेज़िंग का इशारा – नई wealthtech स्टार्टअप में क्या होगा गड़बड़?

12 Jun 2026
RBI के बल्क डिपॉज़िट नियमों में बदलाव: आपका FD कैसे बढ़ेगा?
व्यक्तिगत वित्त

RBI के बल्क डिपॉज़िट नियमों में बदलाव: आपका FD कैसे बढ़ेगा?

10 Jun 2026
Bybit TradFi ने लॉन्च किया शून्य-फ़ी स्टॉक CFD ट्रेडिंग – अब कमिशन और स्वैप फीज़ बिलकुल नहीं
व्यक्तिगत वित्त

Bybit TradFi ने लॉन्च किया शून्य-फ़ी स्टॉक CFD ट्रेडिंग – अब कमिशन और स्वैप फीज़ बिलकुल नहीं

टिप्पणी करें रद्द करें

आपका ईमेल प्रकाशित नहीं होगा। आवश्यक फ़ील्ड * से चिह्नित हैं।

Post navigation

← पिछली खबरGIGABYTE ने COMPUTEX 2026 में दी 40 साल की झलक – AI, गेमिंग और डिज़ाइन में नया रिकॉर्ड कैसे बनाया?

🔥 ट्रेंडिंग खबरें

  1. 1
    अभिनंदन1 May 2024
  2. 2
    Airbnb के सीईओ ब्रायन चेस्की ने चलाया नया AI लैब – जानें क्या होगा तकनीकी क्रांति का नया अध्याय5 Jun 2026
  3. 3
    ‘Peddi’ में जाह्नवी का ऑब्जेक्टिफिकेशन? अभिनेत्री ने उठाए सवाल, दर्शकों की तीखी प्रतिक्रिया!5 Jun 2026
  4. 4
    e.l.f. Beauty के CEO ने $822,158 के शेयर बेचे, क्या इसका असर आपके निवेश पर पड़ेगा?6 Jun 2026
  5. 5
    हैदराबाद में पेट्रोल टैक्स ने बना दिया ड्राइवरों को सबसे भारी बोझ – जानिए क्यों और कब तक रहेगा यह संकट6 Jun 2026

📂 श्रेणियाँ

  • वायरल और ट्रेंडिंग समाचार (111)
  • टेक्नॉलजी समाचार (59)
  • व्यक्तिगत वित्त (32)
  • एआई टूल्स और तकनीक (16)
  • डेटाबेस मेनेजमेंट सिस्टम (14)
  • साइबर सुरक्षा (11)
  • बॉलीवुड मनोरंजन (10)
  • विंडोज टिप्स (8)
  • Excel/ गूगल Sheets (5)
  • स्थानीय समाचार (4)
  • 📧

    न्यूज़लेटर से जुड़ें

    हर रोज़ ताज़ा खबरें सीधे आपके ईमेल पर पाएं।

    हिंदी में हिंदी के लिए

    हम आपके लिए देश-विदेश की ताज़ा खबरें, राजनीति, खेल, मनोरंजन और बहुत कुछ लेकर आते हैं।

    🔗 त्वरित लिंक

    • 🏠 होम
    • ℹ️ हमारे बारे में
    • 📬 संपर्क करें
    • 🔒 गोपनीयता नीति
    • 🗺️ साइटमैप

    📰 ताज़ा खबरें

    • क्या आप 2 लाख रुपये से अधिक मूल्य की घरेलू चीज़ें नकद में बेच सकते हैं? जानिए टैक्स कानून की हकीकत
      क्या आप 2 लाख रुपये से अधिक मूल्य की घरेलू चीज़ें नकद में बेच सकते हैं? जानिए टैक्स कानून की हकीकत 📅 12 Jun 2026
    • GIGABYTE ने COMPUTEX 2026 में दी 40 साल की झलक – AI, गेमिंग और डिज़ाइन में नया रिकॉर्ड कैसे बनाया?
      GIGABYTE ने COMPUTEX 2026 में दी 40 साल की झलक – AI, गेमिंग और डिज़ाइन में नया रिकॉर्ड कैसे बनाया? 📅 12 Jun 2026
    • Naveen Kukreja ने किया 9 मिलियन डॉलर की फंड रेज़िंग का इशारा – नई wealthtech स्टार्टअप में क्या होगा गड़बड़?
      Naveen Kukreja ने किया 9 मिलियन डॉलर की फंड रेज़िंग का इशारा – नई wealthtech स्टार्टअप में क्या होगा गड़बड़? 📅 12 Jun 2026
    • Mobavenue की नई AI पावर PiiX से Apple Search Ads में 3 गुना ROI कैसे पाएं?
      Mobavenue की नई AI पावर PiiX से Apple Search Ads में 3 गुना ROI कैसे पाएं? 📅 12 Jun 2026
    • वीक्टोरियन युग के इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट से नया ETF बनाने का सुनहा मौका – जानें कैसे कमाए 2026 में लाखों
      वीक्टोरियन युग के इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट से नया ETF बनाने का सुनहा मौका – जानें कैसे कमाए 2026 में लाखों 📅 12 Jun 2026
    © 2026 हिंदी में हिंदी के लिए — सर्वाधिकार सुरक्षित
    गोपनीयता · साइटमैप · संपर्क